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विश्व की सबसे बड़ी छिपकली कोमोडो ड्रेगन । komodo dragon

komodo dragon । विश्व की सबसे बड़ी छिपकली कोमोडो ड्रेगन

कोमोडो ड्रैगन दुनिया की सबसे बड़ी छिपकली है । इसकी लंबाई तीन मीटर और वजन 180 किलो तक होता है । कोमोडो ड्रैगन की जीभ सांप की जीभ के समान आगे से फटी हुई होती है । इसके नाखून और दांत बहुत पैने और जबड़े बहुत ही मजबूत होते हैं । अपनी लंबी मांसल पूंछ की कोड़े जैसी मार से यह अपने शत्रुओं को घायल कर देती है । इसका शरीर कठोर शल्कों से ढका होता है । कोमोडो ड्रैगन एक प्रकार की गोह है । यह मरे हुए जानवरों का मांस खाती है । मुख्यतः यह उसके छिपकली , कीड़े - मकोड़े , पक्षी , सांप , सिरे हिरण , बकरी , जंगली सूअर आदि दांत का शिकार करती हैं । करीब 500 किलो वजन की भेंस तक को मार सकती है । यह बच्चों , बूढ़ों और बीमार मनुष्यों पर भी हमला कर चुकी है । कोमोडो ड्रैगन एक सफल शिकारी है । इसके लचीले मसूड़ों में 60 से अधिक आरीदार किनारों वाले , मुंह के अंदर की ओर मुड़े हुए तेज धार वाले दांत होते हैं । ये दांत उसके जीवनकाल में पांच बार नए सिरे से उगते हैं । कोमोडो ड्रैगन के दांत शार्क मछली के दांतों के समान होते हैं । माना जाता है कि कोमोडो ड्रैगन के द्वारा जरा - सा काटे जाने पर भी मृत्यु हो जाती है चूंकि यह सड़ा गला मांस खाती है , इसलिए सड़े- गले मांस में मौजूद अनेक घातक

जीवाणु उसके मुंह में होते हैं । काटे जाने पर ये जीवाणु घाव में मिल जाते हैं । इससे काटे गए प्राणी के शरीर में जहर फैल जाता है । कोमोडो ड्रैगन को इससे फायदा ही होता है । यदि शिकार उसकी पकड़ से बच भी गया , तो कुछ ही दिनों में अपने घावों में जहर फैलने से वह मर जाएगा और कोमोडो ड्रैगन उसके शव को ढूंढकर खा जाएगी । इसकी सूंघने की शक्ति इतनी प्रबल होती है कि यह सड़े मांस को 8 किलोमीटर की दूरी से सूंघ सकती है । यह खूखार छिपकली ताकतवर ही नहीं , बुद्धिमान भी होती है । यह हिरण , सूअर आदि चौकन्ने प्राणियों को भी धोखा देकर पकड़ लेती है । कोमोडो ड्रैगन शिकार करने के लिए जंगली मार्गों के पास लेटी रहती है । शिकार के मार्ग से गुजरने के समय उसे लपककर पकड़ लेती है । कोमोडो ड्रैगन भोजन को बड़ी तेजी से निगलती है । सांप की तरह यह भी अपने जबड़ों को खूब फैला सकती है । इसके अंडों में से आठ महीने बाद आधे मीटर लंबे बच्चे निकलते हैं । पैदा होते ही वे पेड़ों पर चढ़ जाते हैं । जिससे बड़े कोमोडो ड्रैगन उन्हें खा न सके । ये बच्चे लगभग एक साल तक पेड़ों पर ही रहते हैं और वहीं से आहार खोजते हैं । कोमोडो ड्रैगन की आयु लगभग 50 वर्ष होती है । सामान्यतः यह अकेले ही रहना पसंद करती है । 

कोमोडो ड्रैगन की सूंघने की शक्ति इतनी प्रबल होती है कि वह सड़े मांस को 8 किलोमीटर की दूरी से सूंघ सकती है । यह खूखार छिपकली ताकतवर ही नहीं , बुद्धिमान भी होती है । कोमोडो ड्रैगन चौकन्ने प्राणियों को भी धोखे से पकड़ लेती है ।

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